रायपुर: रोशनी, खुशियों और उल्लास का पर्व दीपावली राजधानी रायपुर में धूमधाम से मनाया जाएगा, लेकिन इस उल्लास के बीच किसी भी अप्रिय घटना से निपटने के लिए जिला प्रशासन पूरी तरह सतर्क है। पटाखों, दीयों और बिजली की लाइटिंग से होने वाले हादसों की आशंका को देखते हुए, रायपुर के सभी सरकारी और निजी अस्पतालों को हाई अलर्ट पर रखा गया है, जबकि फायर ब्रिगेड और पुलिस की टीमें भी चौबीसों घंटे मुस्तैद रहेंगी।
अस्पतालों में विशेष तैयारी, बर्न यूनिट पूरी तरह सक्रिय
स्वास्थ्य विभाग ने त्यौहार को देखते हुए सभी आपातकालीन सेवाओं को मजबूत किया हैl
विशेष ओपीडी: आंबेडकर अस्पताल में मंगलवार (छुट्टी के दिन) को भी ओपीडी सेवाएं सुबह 10 बजे से 12 बजे तक खुली रहेंगी।
बर्न यूनिट और इमरजेंसी वार्ड: डॉ. आंबेडकर अस्पताल, डीकेएस सुपरस्पेशियलिटी अस्पताल समेत सभी प्रमुख सरकारी अस्पतालों के बर्न यूनिट और इमरजेंसी वार्ड को विशेष रूप से तैयार किया गया है।
अतिरिक्त स्टाफ: अस्पताल प्रशासन ने बताया कि जलने के मामलों में बढ़ोतरी की आशंका को देखते हुए, तीन शिफ्टों में डॉक्टरों, नर्सों और पैरामेडिकल स्टाफ की अतिरिक्त ड्यूटी लगाई गई है।
तत्काल उपचार के लिऐ सर्जरी, ड्रेसिंग यूनिट और ऑपरेशन थिएटर को पूरी तरह तैयार रखा गया है ताकि किसी भी मरीज का तुरंत उपचार हो सके। सीनियर डॉक्टरों की एक टीम को 24 घंटे ऑन-कॉल ड्यूटी पर रखा गया है। एंबुलेंस सेवाओं (108) को 24 घंटे सक्रिय रहने के निर्देश दिए गए हैं।
निजी अस्पतालों ने भी कसी कमर
राजधानी के निजी अस्पताल, जिनमें रामकृष्ण केयर, बालाजी सुपरस्पेशियलिटी, श्रीनारायणा हास्पिटल और इट्सा हास्पिटल शामिल हैं, ने भी विशेष मेडिकल टीमें गठित की हैं। बर्न, ट्रामा और आर्थोपेडिक विभाग के डॉक्टरों को विशेष निगरानी पर रखा गया है, जहां 24 घंटे इमरजेंसी सेवाएं उपलब्ध रहेंगी।
फायर ब्रिगेड, पुलिस और बिजली विभाग अलर्ट पर
अगलगी की घटनाओं से निपटने के लिए फायर ब्रिगेड की टीमें गंज, सिविल लाइन, डीडी नगर और कोतवाली थाने के आसपास तैनात रहेंगी। साथ ही एसडीआरएफ की टीम भी सक्रिय रहेगी।
पुलिस प्रशासन ने त्यौहार के दौरान शहर में गश्त बढ़ाने की जानकारी दी है। पटाखा बाजारों, भीड़-भाड़ वाले इलाकों और अस्पतालों के आसपास सुरक्षा व्यवस्था कड़ी की गई है। बिजली विभाग को भी फाल्ट रिपेयरिंग और शार्ट सर्किट की स्थिति में तत्काल कार्रवाई के निर्देश दिए गए हैं।
चिकित्सकों की अहम सलाह: जले हुए हिस्से पर ठंडा पानी डालें
डॉ. दक्षेस शाह ने नागरिकों को सलाह दी है कि जलने की स्थिति में देसी उपचार या तेल/मरहम का उपयोग करने से बचें। उन्होंने कहा, "जले हुए हिस्से पर तुरंत ठंडा पानी डालें, कोई भी घरेलू उपाय न करें और तत्काल नजदीकी अस्पताल पहुंचें ताकि संक्रमण का खतरा न बढ़े।"
सीएमएचओ की नागरिकों से अपील:
मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी (सीएमएचओ) डॉ. मिथिलेश चौधरी ने नागरिकों से अपील की है कि वे पटाखे जलाते समय पर्याप्त दूरी बनाए रखें, बच्चों को अकेले आतिशबाजी न करने दें और हमेशा खुले स्थानों में ही पटाखे फोड़ें। उन्होंने कहा कि "हादसे से बचाव ही सबसे बड़ी सुरक्षा है।"