बलरामपुर। जिले के राजपुर विकासखंड अंतर्गत ग्राम बुढ़ाबगीचा के बिरनीपारा स्थित शासकीय माध्यमिक शाला में स्कूल जतन योजना के तहत स्वीकृत अतिरिक्त कक्ष का निर्माण करीब तीन साल बाद भी पूरा नहीं हो सका है। भवन अधूरा होने के कारण स्कूल में विद्यार्थियों को बैठने के लिए पर्याप्त जगह नहीं मिल पा रही है। स्थिति यह है कि एक ही कमरे में दो कक्षाएं संचालित करनी पड़ रही हैं, जिससे बच्चों की पढ़ाई प्रभावित हो रही है।
16.40 लाख रुपये की लागत से स्वीकृत हुआ था भवन
जानकारी के अनुसार स्कूल के लिए अतिरिक्त कक्ष निर्माण की स्वीकृति करीब 16 लाख 40 हजार रुपये की लागत से दी गई थी। निर्माण कार्य शुरू भी किया गया, लेकिन लंबे समय बाद भी भवन पूरा नहीं हो पाया है।
ग्रामीणों का आरोप है कि आरईएस विभाग और संबंधित ठेकेदार की लापरवाही के चलते निर्माण कार्य अधर में पड़ा हुआ है। भवन के अधूरे रहने से स्कूल प्रबंधन और विद्यार्थियों को लगातार परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है।
एक कमरे में दो कक्षाएं, पढ़ाई पर असर
स्कूल में अतिरिक्त कमरा तैयार नहीं होने के कारण उपलब्ध कक्षों पर दबाव बढ़ गया है। एक ही कमरे में दो कक्षाएं संचालित होने से विद्यार्थियों को पढ़ाई के दौरान असुविधा होती है। एक साथ दो कक्षाओं के संचालन से शिक्षकों को भी पढ़ाने में परेशानी का सामना करना पड़ता है।
ग्रामीणों का कहना है कि बच्चों के बेहतर भविष्य के लिए स्कूल में पर्याप्त कक्ष और सुविधाएं होना जरूरी है, लेकिन वर्षों से निर्माण अधूरा पड़ा है।
ग्रामीणों में बढ़ रहा आक्रोश
अतिरिक्त कक्ष का निर्माण लंबे समय से पूरा नहीं होने को लेकर ग्रामीणों में नाराजगी है। उनका कहना है कि लाखों रुपये की लागत से स्वीकृत भवन का काम समय पर पूरा होना चाहिए था। ग्रामीणों ने संबंधित विभाग से निर्माण कार्य जल्द पूरा कराने और जिम्मेदारों पर कार्रवाई की मांग की है।
जिम्मेदारों से जवाब की मांग
ग्रामीणों का कहना है कि निर्माण में देरी की वजह स्पष्ट की जानी चाहिए और यह भी जांच होनी चाहिए कि स्वीकृत राशि का कितना उपयोग हुआ है। स्कूल भवन जल्द पूरा होने से विद्यार्थियों को अतिरिक्त कक्ष की सुविधा मिल सकेगी और पढ़ाई का माहौल भी बेहतर होगा।