24 जुलाई 2026। रायगढ़ जिले के धरमजयगढ़ विकासखंड अंतर्गत ग्राम पंचायत क्रोंधा से प्रशासनिक दावों की पोल खोलती एक खौफनाक तस्वीर सामने आई है। यहां मासूम बच्चों के लिए शिक्षा हासिल करने का रास्ता हर दिन किसी बड़े खतरे से होकर गुजरता है। गांव के लगभग 50 छात्र-छात्राएं प्रतिदिन उफनते नाले को पार कर खड़गांव स्थित अपने स्कूल पहुंचने को मजबूर हैं।
बारिश के मौसम में नाले का जलस्तर काफी बढ़ जाता है, लेकिन इसके बावजूद बच्चे घुटनों तक भरे तेज बहाव वाले पानी में उतरकर जान जोखिम में डालते हुए स्कूल पढ़ाई करने जाते हैं।
हाल ही में बहने से बची छात्रा, बना रहता है हादसे का डर
प्रत्यक्षदर्शियों और ग्रामीणों का दर्द:
बारिश के दिनों में तेज बहाव के कारण कई बार हादसे की स्थिति बन चुकी है। हाल ही में एक छात्रा पानी के तेज बहाव में बहने लगी थी, जिसे साथ जा रहे अन्य छात्रों और ग्रामीणों ने तत्परता दिखाते हुए किसी तरह सुरक्षित बाहर निकाला।
ग्रामीणों का कहना है कि वे वर्षों से नाले पर पुल (Bridge) निर्माण की मांग कर रहे हैं, लेकिन शासन-प्रशासन और जनप्रतिनिधियों की उपेक्षा के कारण अब तक कोई समाधान नहीं निकल सका है। हर दिन जब बच्चे स्कूल के लिए निकलते हैं, तो परिजनों की सांसें अटकी रहती हैं।
प्रशासनिक ध्यान की सख्त जरूरत
सड़क और पुलिया जैसी बुनियादी सुविधाओं के अभाव में नौनिहाल अपनी जान हथेली पर रखकर भविष्य गढ़ने जा रहे हैं। ग्रामीणों ने प्रशासन से गुहार लगाई है कि किसी बड़े हादसे का इंतजार किए बिना जल्द से जल्द इस नाले पर पक्के पुल का निर्माण कराया जाए ताकि बच्चों की शिक्षा और सुरक्षा सुनिश्चित हो सके।